डीएम की सख्ती से वर्षों बाद खुला देहरादून आईएसबीटी का निकासी गेट
डीएम की सख्ती से वर्षों बाद खुला आईएसबीटी का निकासी गेट
दिल्ली, यूपी व अन्य राज्यों को जाने वाली बसों को मिली बड़ी राहत
यातायात में बाधक एनएच का पुराना कार्यालय भवन ध्वस्त, चुंगी हटाई गई
सड़क किनारे खाली भूमि व फ्लाईओवर के नीचे पार्किंग निर्माण जल्द

देहरादून, 31 दिसंबर:
जिलाधिकारी सविन बंसल के सख्त निर्देशों के बाद आईएसबीटी क्षेत्र में वर्षों से चली आ रही भीषण यातायात जाम की समस्या के समाधान की दिशा में बड़ी कार्रवाई की गई है। लंबे समय से बंद पड़ा आईएसबीटी का निकासी गेट आखिरकार खोल दिया गया है, जिससे दिल्ली, उत्तर प्रदेश, चंडीगढ़ सहित अन्य राज्यों को जाने वाली बसों का आवागमन अब सुचारु हो गया है।
आईएसबीटी का यह निकासी गेट वर्षों से अवरुद्ध था, जिससे परिसर के भीतर और आसपास के क्षेत्रों में भारी यातायात दबाव बना रहता था। जिलाधिकारी ने निरीक्षण के दौरान इस स्थिति पर कड़ी नाराजगी जताते हुए तत्काल गेट खोलने के निर्देश दिए। डीएम की सख्ती के बाद निकासी गेट पर बने अवैध एवं अस्थायी निर्माण को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया तथा वहां स्थापित चुंगी को भी अन्यत्र शिफ्ट कर दिया गया।
निकासी गेट खुलने के बाद अब दिल्ली, उत्तर प्रदेश और चंडीगढ़ की ओर जाने वाली बसें इसी मार्ग से बाहर निकल रही हैं, जिससे आईएसबीटी परिसर और हरिद्वार बाईपास क्षेत्र में यातायात जाम की समस्या में उल्लेखनीय कमी आई है।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने आईएसबीटी क्षेत्र में यातायात में बाधा उत्पन्न कर रहे राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) के पुराने व अनुपयोगी कार्यालय भवन को भी चिन्हित किया था। उनके निर्देशों के अनुपालन में उक्त भवन को ध्वस्त कर दिया गया है, जिससे सड़क चौड़ी हुई है और यातायात संचालन अधिक सुगम हुआ है।
इसके अतिरिक्त जिलाधिकारी ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के अधिकारियों को फ्लाईओवर के नीचे बने अव्यवस्थित और असुरक्षित कट को बंद कर सुव्यवस्थित एवं सुरक्षित कट विकसित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही फ्लाईओवर के नीचे और आईएसबीटी सड़क किनारे उपलब्ध खाली भूमि पर टाइल्स बिछाकर व्यवस्थित पार्किंग निर्माण का कार्य भी प्रारंभ कर दिया गया है।
प्रशासन का उद्देश्य अनियंत्रित पार्किंग पर प्रभावी रोक लगाना और यातायात व्यवस्था को दीर्घकालिक रूप से सुदृढ़ करना है। जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को सभी कार्य गुणवत्ता के साथ समयबद्ध रूप से पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं, ताकि आमजन और यात्रियों को जाम की समस्या से स्थायी राहत मिल सके।
