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बुंडू में आवारा कुत्तों का आतंक, हमले में बच्चा घायल और स्थानीय लोगों ने की सख्त कार्रवाई की मांग

बुंडू में आवारा कुत्तों का आतंक, हमले में बच्चा घायल और स्थानीय लोगों ने की सख्त कार्रवाई की मांग

रांची जिले के बुंडू नगर क्षेत्र में आवारा कुत्तों का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे स्थानीय नागरिकों में गहरी चिंता व्याप्त है। हाल ही में आदर्श नगर इलाके में आवारा कुत्तों के एक झुंड ने एक बच्चे पर अचानक हमला बोल दिया, जिससे वह गंभीर रूप से जख्मी हो गया। इस घटना के बाद से क्षेत्र के अभिभावकों और आम लोगों में बच्चों की सुरक्षा को लेकर डर का माहौल है।

बुंडू में आवारा कुत्तों का आतंक, हमले में बच्चा घायल और स्थानीय लोगों ने की सख्त कार्रवाई की मांग

ट्यूशन जाते समय हुआ हमला

प्राप्त जानकारी के अनुसार, 16 सितंबर को सुमित कुमार साहू के पुत्र बियोम साहू ट्यूशन पढ़ने के लिए अपने घर से निकल कर जा रहे थे। रास्ते में अचानक आवारा कुत्तों के झुंड ने उन पर धावा बोल दिया। कुत्तों के काटने से बच्चे के हाथ और पैर बुरी तरह जख्मी हो गए। घटना के तुरंत बाद घायल बच्चे को उपचार के लिए अनुमंडलीय अस्पताल, बुंडू पहुंचाया गया, जहां उसका इलाज किया गया।

अस्पताल में बढ़ रहे हैं मामले

अस्पताल की चिकित्सक डॉ. उषा कुमारी ने इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि हर दो-तीन दिन के अंतराल पर आवारा कुत्तों के काटने से घायल होने वाले मरीजों के मामले इलाज के लिए आ रहे हैं। इससे साफ पता चलता है कि इलाके में आवारा कुत्तों की समस्या कितनी विकराल होती जा रही है और यह आम जनता के लिए एक बड़ी परेशानी का सबब बन चुका है।

प्रशासन को सौंपा गया ज्ञापन

बढ़ती घटनाओं और खतरे को देखते हुए सामाजिक कार्यकर्ता विशाल कुमार और संतोष जायसवाल ने अनुमंडल पदाधिकारी, बुंडू को एक औपचारिक ज्ञापन सौंपा है। इस ज्ञापन के माध्यम से प्रशासन से तत्काल ठोस कदम उठाने की मांग की गई है। ज्ञापनकर्ताओं ने कहा है कि आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या के कारण बच्चों, महिलाओं और आम नागरिकों की सुरक्षा खतरे में पड़ गई है।

स्थायी प्रबंधन की मांग

ज्ञापन में प्रशासन और संबंधित नगर निकाय से यह पुरजोर मांग की गई है कि आवारा कुत्तों के नियंत्रण और उचित प्रबंधन के लिए जल्द से जल्द प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते इस दिशा में पुख्ता कदम नहीं उठाए गए, तो भविष्य में इस प्रकार की दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोकना मुश्किल हो जाएगा।